प्रदर्शनकारियों का दिल्ली चलो आंन्दोलन दूसरे दिन भी जारी : बॉर्डरों पर किसानों व सुरक्षाबलों के बीच देखी गयी भयंकर झड़पें

नई दिल्ली। केन्द्रीय कृषि कानून सुधार के विरोध में अधिकांश राज्यों के किसानों का दिल्ली चलो आन्दोलन दूसरे दिन भी जारी रहा है और यह आन्दोलन उग्र रूप लेता जा रहा है तथा दिल्ली से सटे सभी बॉर्डरों पर पुलिस-प्रदर्शनकारी किसानों की भिडंत देखने को मिल रही है तथा फिलहाल प्रशासन ने किसान प्रदर्शनकारियों को दिसम्बर प्रथम सप्ताह में मिलने का आश्वासन दिया, लेकिन प्रदर्शनकारी कुछ भी सुनने को तैयार नहीं हैं। प्रशासन ने भी कोरोना महामारी का हवाला देते हुए किसी भी तरह की रैली पर रोक लगाया हुआ है।
किसानों के प्रदर्शन के दूसरे दिन भी प्रदर्शनकारियों और पुलिस प्रशासन के बीच तनाव वाला माहौल बना हुआ है। केन्द्रीय कृषि सुधार कानून के विरोध में दिल्ली चलो मार्च के लिए किसान दिल्ली जाने पर अड़े हैं। वहीं प्रशासन उन्हें रोकने के लिए हर तरीके आजमाने में लगा है। सिंघू बॉर्डर पर वाहनों की सघन की चेकिंग की जा रही है। दिल्ली-गाजियाबाद बॉर्डर पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है। भारी मात्रा में सीमाओं पर सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं। इस बीच, टिकरी बॉर्डर पर किसानों और पुलिस के बीच झड़प की खबर भी सामने आई है। वहीं, डबवाली बॉर्डर पर प्रदर्शनकारी किसानों ने पुलिस की गाड़ियों पर कब्जा कर लिया है। उन्होंने वज्र वाहन और वॉटर कैनन पर भी कब्जा जमा लिया है। किसानों के प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो ने ग्रीन लाइन पर छह मेट्रो स्टेशनों पर एंट्री और एग्जिट गेट बंद रहने की जानकारी दी। ग्रीन लाइन पर ब्रिगेडियर होशियार सिंह, बहादुरगढ़ सिटी, पंडित श्रीराम शर्मा, टिकरी बॉर्डर, टिकरी कलां और घेवर स्टेशनों पर एंट्री और एग्जिट अब बंद हैं। दिल्ली मेट्रो के अधिकारियों ने पहले घोषणा की थी कि पड़ोसी शहरों से सेवाएं अभी निलंबित रहेंगी। सिंघू बॉर्डर पर किसानों को तितर-बितर करने के लिए सीआरपीएफ और हरियाणा पुलिस आंसू गैस के गोले छोड़ रही है। इसके बाद किसान पीछे हटने लगे हैं। सड़कों पर बैरीकेडिंग लगाकर किसानों को दिल्ली जाने से रोका जा रहा है। किसानों से बातचीत की भी कोशिश की जा रही है। वहीं दिल्ली-बहादुरगढ़ हाइवे के पास किसानों को रोकने के लिए पुलिस ने ट्रक खड़ा कर रखा था। प्रदर्शनकारी किसान ट्रैक्टर की मदद से ट्रक को हटाने की कोशिश कर रहे हैं। किसानों का भारी हुजूम इस दौरान देखा जा सकता है। दिल्ली के टिकरी बॉर्डर पर माहौल तनावपूर्ण हो गया है। किसानों को तितर-बितर करने के लिए पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े हैं। किसानों की ओर से पत्थरबाजी की भी खबर है। प्रदर्शनकारी किसानों का एक जत्था पंजाब से चलकर बहादुरगढ़ पहुंच गया है। किसान दिल्ली जाने की कोशिश में हैं, जहां वे दिल्ली चलो प्रोटेस्ट मार्च में हिस्सा लेंगे। किसानों ने प्रशासन की किसी भी रोक को मानने से इनकार कर दिया है। दिल्ली-गुरुग्राम बॉर्डर पर पुलिस वाहनों की सघन चेकिंग कर रही है। इस वजह से लंबा जाम लग गया है। यहां वाहनों की लंबी कतार को देखा जा सकता है। हरियाणा के रोहतक में किसान काफी संख्या में जुटे हैं। रोहतक-झज्जर सीमा (हरियाणा-दिल्ली बॉर्डर) पर किसानों के जत्थों को देखा जा सकता है, जो दिल्ली चलो प्रोटेस्ट के तहत दिल्ली जाने की कोशिश में हैं। किसान केंद्र के कृषि बिलों का विरोध कर रहे हैं।


शेयर करें

सम्बंधित ख़बरें

टीका - टिप्पणी